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बुधवार, 11 जुलाई 2012

खून के रिश्ते पानी होते हमने देखे .

खून के रिश्ते पानी होते हमने देखे .
Yuna
हमने लिहाज़ के टूटे बिखरे टुकड़े देखे ;

हमने माँ को गाली देते बेटे देखे .
Tear Pond
जिनको गोद उठाकर अब्बा खुश  होते थे ;
उनके कारण रोते हमने अब्बा देखे .
Tears of Diamond
जो  खाते  थे एक रोटी में आधी आधी 
भाई ऐसे  क़त्ल  भाई के करते  देखे .
Tears
लाये थे लक्ष्मी कहकर जिसको अपने घर 
उस लक्ष्मी को आग लगाते दानव देखे   .
Blue
कोख में कलियों को मसलते माली देखे;
खून के रिश्ते पानी होते हमने देखे .
                          
Blue Face


                          शिखा कौशिक 


10 टिप्‍पणियां:

यशवन्त माथुर (Yashwant Mathur) ने कहा…

कल 13/07/2012 को आपकी यह बेहतरीन पोस्ट http://nayi-purani-halchal.blogspot.in पर लिंक की जा रही हैं.आपके सुझावों का स्वागत है .
धन्यवाद!

K P Saxena ने कहा…

behtareen Rachna hai...bheetar tak kachot ti.Mubaraq.

सुशील बाकलीवाल ने कहा…

कडवी हकीकत यही है.

Swati Vallabha Raj ने कहा…

kadwi sachhai...sundar rachna...

संगीता स्वरुप ( गीत ) ने कहा…

कटु यथार्थ

सदा ने कहा…

वाह ... बेहतरीन प्रस्‍तुति।

ana ने कहा…

kya kahane.....ati uttam

ved vyas malik ने कहा…

Jindagi mein rishto ko hamesha ank de kr aur uska achche v bure score-card rakh kr jeene se aadmi khud hi bechara aur babus ban jata hy. Bhagwan ne hme maaf kar ke bhool jaane ki kshmta di hy , agar hum sub yaade sanyojit kare ge tor jo sub se buri baaten hi yaadon me upar rhengi.Yehi haqiqat he. Yashoda ji, Itne gyanpoorak blog se prichay karwane ka aabhar.

अनामिका की सदायें ...... ने कहा…

kadvi hakeekat bayan kar di.

Sriprakash Dimri ने कहा…

समाज के कटु सत्य को बयान करती शसक्त रचना